देश-विदेश के श्रृंद्धालु घर बैठक कर सकेगें मॉ भादवामाता के दर्शन
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संभागायुक्त श्री पाण्डेय ने किया वेबसाईड का लोकार्पण
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नीमच | 23-मार्च-2012
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 देश-विदेश में ख्याति प्राप्त, मालवांचल की वैष्णवदेवी के नाम से सुप्रसिद्ध आरोग्य एवं धार्मिक आस्था का केन्द्र भादवामाता जी में आज 23 मार्च 2012 से विशाल नवरात्रि मेला प्रारंभ हुआ है। यह मेला एक अप्रैल 2012 तक चलेगा। मेले में लाखो की संख्या में श्रृंद्धालु भादवामाता पहुंचकर महामाया मॉ भादवामाता के दर्शन लाभ लेते है। संभागायुक्त उज्जैन श्री अरुण पाण्डेय ने नवरात्रि के पावन अवसर पर 23 मार्च 2012 को उज्जैन में मॉ भादवामाता की वेबसाईट www.Bhadwamata.org का लोकार्पण कर मॉ भादवामता के आनलाईन दर्शन कलेक्टर एवं भादवामाता संस्थान के अध्यक्ष श्री लोकेश कुमार जाटव के विशेष प्रयासों से मात्र दस दिन में ही भादवामाता की यह वेबसाईट तैयार कर लोकार्पित की गई है। अब इस वेबसाईड के जरिये देश-विदेश के श्रृंद्धालु घर बैठे भादवामाता जी के आनलाईन दर्शन कर सकेगें। कलेक्टर श्री लोकेश कुमार जाटव ने एनआईसी कक्ष कलेक्ट्रेट नीमच में इस वेबसाइड के जरिये 23 मार्च 2012 को भादवामाता जी के आनलाईन दर्शन किये। कलेक्टर श्री जाटव के मार्गदर्शन में मॉ भादवामाता के सुव्यवस्थित विकास के लिए मास्टर प्लान तैयार किया गया है। इसके तहत 2015 तक लगभग 15 करोड़ की लागत से श्रृंद्धालुओं की सुविधा के लिए अनेको विकास र्का करवाए जायेगें। इस वेबसाईड पर न केवल माताजी के आनलाईन दर्शन किये जा सकेगें, बल्कि मास्टर प्लान, देवीदर्शन, देवी के दरबार के दर्शन भी किये जा सकते है। माताजी का इतिहास फोटोग्राफ्स परिचय, प्रस्तावित कार्य उपलब्ध सुविधा की जानकारी के साथ ही बेवसाईड पर फीड बैंक व सुझाव प्राप्त करने का भी विकल्प है। दानदाताओं के लिए आनलाईन दान करने की सुविधा भी वेबसाईड पर उपलब्ध रहेगी। देश-विदेश के श्रृंद्धालु वेबसाईड Bhadwamata.org पर सर्च कर सभी प्रकार के मोबाईल, ब्राऊजर, एन्ड्रोयड, टेबलेट पर भी मॉ भादवामाता के दर्शन कर सकेगें। इस वेबसाईड को तैयार करने में एनआईसी के श्री एम.एल.अहिरवार ,श्री सुमित शर्मा एवं श्री संजीव नायर की टीम द्वारा सराहनीय कार्य किया गया है। ज्ञातव्य हो कि नीमच मुख्यालय से 18 कि.मी. दूर स्थित भादवामाता एक जागृत शक्ति पीठ है। माताजी के दरबार में शारीरिक विकलांग (लकवा) व मानसिक व्यावधियों से मुक्ति मिलती है। मंदिर के समीप स्थित अमृतकुण्ड (बावड़ी) के जल में स्नान करने एवं जल सेवन करने से असाध्य बीमारियों से मुक्ति मिलती है। यहां हर रोज बड़ी संख्या में दर्शनार्थियों का तांता लगा रहता है। नवरात्रि मेले में महाष्टमी की रात्रि में यहां हवन होता है। इस दिन लाखों श्रृंद्धालु यहां दर्शन के लिए आते है।
(428 days ago)
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डाउनलोड करे क्रुतीदेव फोन्ट में.
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