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तीन दिवसीय दिशा दर्शन प्रशिक्षण कार्यक्रम सम्पन्न
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खण्डवा | 16-नवम्बर-2021
   श्री नीलकंठेश्वर शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय खण्डवा में राष्ट्रीय सेवा योजना का इतिहास 40 वर्ष से भी अधिक पुराना है। राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवक वृक्षारोपण, जनजागृति, श्रमदान, स्वच्छता कार्य के माध्यम से अपने राष्ट्रीय एवं सामाजिक दायित्व का निर्वाह करते हैं। कोविड-19 के विकट समय में भी राष्ट्रीय सेवा योजना के स्वयंसेवकों ने सराहनीय कार्य किया, जिसके लिए मध्य प्रदेश शासन के द्वारा प्रशंसा पत्र भी संस्था को प्राप्त हुआ। नवीन प्रवेशित विद्यार्थियों को राष्ट्रीय सेवा योजना से अवश्य जुड़ना चाहिए क्योंकि यह समाज सेवा के माध्यम से व्यक्तित्व विकास का सशक्त माध्यम है। यही कारण है कि नवीन शिक्षा नीति में भी राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) को वैकल्पिक विषय के रूप में स्थान दिया गया है। यह बात राष्ट्रीय सेवा योजना द्वारा आयोजित तीन दिवसीय दिशा दर्शन प्रशिक्षण कार्यक्रम में संस्था के प्राचार्य डॉ. मुकेश जैन ने स्वयंसेवकों के समक्ष कही। इस अवसर पर डॉ. जैन ने गोद ग्राम बमनगाँव में शासन की मंशा अनुरूप जनजागृति से संबंधित गतिविधियों को नियमित रूप से आयोजित करने का आह्वान किया।
   कार्यक्रम के मुख्य वक्ता वरिष्ठ प्राध्यापक एवं अंग्रेजी के विभागाध्यक्ष डॉ. एस पी सिंह ने राष्ट्रीय सेवा योजना की मूलभूत जानकारी से विद्यार्थियों को अवगत कराते हुए कहा कि हमें अपनी जड़ों अर्थात् ग्राम समाज से जुड़ना आज की महत्वपूर्ण आवश्यकता है। राष्ट्रीय सेवा योजना में कार्य करने से संवेदन की जागृति होती है। संवेदनशील व्यक्ति जब किसी महत्वपूर्ण पद पर पहुँचता है तो वह समाज के लिए अधिक सहायक होता है। स्वयं के उत्थान तक सीमित रहना भारतीय संस्कृति नहीं है। राष्ट्रीय सेवा योजना के ध्येय वाक्य ‘‘मैं नहीं आप‘‘ की व्याख्या करते हुए डॉ. सिंह ने कहा कि व्यष्टि से समष्टि और समष्टि से सृष्टि के कल्याण तक पहुँचने का मार्ग राष्ट्रीय सेवा योजना के द्वारा प्रशस्त होता है। वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ. टीआर ब्राह्मणे ने राष्ट्रीय सेवा योजना की व्यावहारिक एवं सैद्धांतिक जानकारी विद्यार्थियों को प्रदान की।
(66 days ago)
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