समाचार
|| समस्याओ के निराकरण हेतु बेल्दी, पडवार, बचहा तथा मुडगुडी मे शिविर आज || मुख्यमंत्री संबल योजना के रजिस्ट्रेशन का सत्यापन करें अथवा निलम्बन के लिये तैयार रहें || तहसीलदार भारमुक्त || 27.9 मिमी वर्षा हुई || ग्रामीणों की समस्याओं के निदान हेतु विशेष शिविर घंघरी में आज || विक्रम विश्वविद्यालय के विक्रम सरोवर में घाट का निर्माण होगा || जिले में अब तक 393.1 मिमी औसत वर्षा रिकार्ड || शिर्डी के लिए 29 जुलाई को ट्रेन रवाना होगी || क्विज प्रतियोगिता 31 जुलाई को || व्हीव्हीपीएटी एवं ईव्हीएम से परिचित हुए मतदाता
अन्य ख़बरें
3 एच.पी. के सोलर पम्प पर मिल रहा 90 प्रतिशत अनुदान
ऊर्जा मंत्री द्वारा किसान के खेत में सोलर पम्प का शुभारंभ
उज्जैन | 29-नवम्बर-2017
 
 
   ऊर्जा मंत्री श्री पारस जैन ने कहा है कि "मुख्यमंत्री सोलर पम्प योजना" के तहत कृषकों को 3 एच.पी. तक के पम्प पर कुल 90 प्रतिशत अनुदान दिया जा रहा है। श्री पारस जैन भोपाल जिले के ग्राम बड़झरी में कृषक श्री अवधनारायण के खेत में योजना के तहत स्थापित किये गए सोलर पम्प का शुभारंभ कर रहे थे। श्री अवधनारायण के खेत में 5 हॉर्स पॉवर का ए.सी. सब-मर्सिबल सोलर पम्प स्थापित किया गया है। इसके लिए कृषक को मात्र 72 हजार 100 रुपये का अंश वहन करना पड़ा है। सोलर पम्प की लागत लगभग 4 लाख 35 हजार 973 रुपये है। कृषक ने अपने सब्जी फार्म में इस पम्प को स्थापित किया है।
   प्रमुख सचिव नवीन एवं नवकरणीय ऊर्जा श्री मनु श्रीवास्तव ने बताया कि ऊर्जा विकास निगम ने विश्व की "सोलर पम्पों की सबसे बड़ी योजना" के लिए खुली निविदा के माध्यम से दरें आमंत्रित की थीं। निविदा में प्रतिस्पर्धात्मक दरें प्राप्त हुईं, जो कि एमएनआरई भारत सरकार की बेंच मार्क दरों से कम हैं। मध्यप्रदेश सरकार द्वारा किसानों को पारम्परिक ऊर्जा में दी जाने वाली विद्युत के अंतर्गत प्रति वर्ष अनुदान दिया जाता है जबकि इस योजना में एकमुश्त अनुदान दिया जाना सरकार एवं किसान दोनों के लिए लाभकारी है।
   उन्होंने बताया कि योजना का क्रियान्वयन पूरे प्रदेश में किया जा रहा है। योजना का उद्देश्य न केवल अक्षय ऊर्जा के दोहन को प्रोत्साहित करना है, बल्कि किसानों को सिंचाई के लिए आत्मनिर्भर बनाना भी है। योजना में जिन कृषकों के यहाँ सोलर पम्प स्थापित हो चुके हैं, उनका अनुभव सुखद है। ऐसे प्रयासों से खेती में स्वावलम्बन बढ़ेगा। निगम द्वारा प्रदाय किये जाने वाले सोलर पम्पों के पाँच वर्षीय तकनीकी रख-रखाव की जिम्मेदारी भी प्रदायकर्ता इकाई को सौंपी गई है। उन्न्त रूप से विकसित रिमोट मॉनीटरिंग सिस्टम से संयंत्र का परफार्मेंस जाँचा जायेगा। सोलर पम्पों की सफलता को देखकर कृषक उत्साहित हो रहे हैं और माँग प्रतिदिन बढ़ रही है।
 
(236 days ago)
डाउनलोड करे क्रुतीदेव फोन्ट में.
डाउनलोड करे चाणक्य फोन्ट में.
पाठकों की पसंद

संग्रह
जूनजुलाई 2018अगस्त
सोम.मंगल.बुध.गुरु.शुक्र.शनि.रवि.
2526272829301
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
303112345

© 2012 सर्वाधिकार सुरक्षित जनसम्पर्क विभाग भोपाल, मध्यप्रदेश             Best viewed in IE 7.0 and above with monitor resolution 1024x768.
Onder's Computer