समाचार
|| पर्यावरण विकास, विश्व शांति और गांधी दर्शन विषय पर 20 युवाओं को फेलोशिप || नगरीय निकायों को 14वें वित्त आयोग की पहली किश्त 323 करोड़ 64 लाख जारी || एक से 15 अगस्त तक पुन: शुरू होगी विशेष वाहन चेकिंग || 1 से 20 अगस्त तक चलेगा कुष्ठ रोगी खोज अभियान || मध्य प्रदेश पर्यटन क्विज प्रतियोगिता 2019 - प्रथम चरण जिला स्तर पर 7 अगस्त को || आरटीई में चयनित बच्चों का प्राइवेट स्कूलों में प्रवेश 20 जुलाई तक || कृषि आधारित व्यवसाय प्रशिक्षण योजना हेतु आवेदन की अंतिम तिथि 20 जुलाई || 98 वां लेखा प्रशिक्षण एक अगस्त से || ट्राइबल स्कूलों में प्रतिनियुक्ति आवेदन की अंतिम तिथि 19 जुलाई || 18 एवं 19 जुलाई को विद्युत प्रदाय बंद रहेगा
अन्य ख़बरें
आदर्श आचार संहिता के संबंध में स्टेण्डिंग कमेटी की बैठक आयोजित
प्रचार-प्रसार के दौरान आदर्श आचार संहिता का रखें विशेष ध्यान-कलेक्टर
पन्ना | 09-अक्तूबर-2018
 
   
    कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री मनोज खत्री द्वारा विधानसभा निर्वाचन 2018-आदर्श आचार संहिता के संबंध में मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों की बैठक ली। स्टेण्डिंग कमेटी की यह बैठक कलेक्टर कार्यालय में सम्पन्न हुई। बैठक में उन्होंने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा 6 अक्टूबर 2018 को विधानसभा निर्वाचन 2018 की घोषणा कर दी गयी है। इसी के साथ सम्पूर्ण जिले में आदर्श आचार संहिता लागू हो गयी है। निर्वाचन आयोग द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार अभ्यर्थियों के नामांकन की प्रक्रिया 02 नवंबर 2018 से प्रारंभ हो जाएगी। जिसकी अंतिम तिथि 9 नवंबर 2018 निर्धारित की गयी। नामांकन पत्रों की जांच 12 नवंबर 2018 को की जाएगी। अभ्यर्थी 14 नवंबर 2018 तक अपने नाम वापस ले सकते हैं। जिले में मतदान 28 नवंबर 2018 को किया जाएगा। मतगणना के लिए 11 दिसंबर 2018 का दिन निर्धारित किया गया है।

    भारत निर्वाचन आयोग के दिशानिर्देशों से विभिन्न मान्यता प्राप्त दलों के प्रतिनिधियों को अवगत कराते हुए उन्होंने कहा कि इस बार आयोग द्वारा कई नई व्यवस्थाएं की गयी हैं। विशेषकर महिला मतदाताओं एवं दिव्यांग मतदाताओं को शामिल करने के लिए विभिन्न सुविधाएं की जा रही है। दृष्टिबाधित मतदाताओं के लिए इस बार ब्रेल लिपि में मतदाता पर्ची वितरित की जाएगी। अस्थिबाधित दिव्यांगों के लिए रेम्प एवं व्हील चेयर की व्यवस्था की गयी है। दिव्यांगों के लिए एक-एक सहयोगी का चयन किया गया है। महिलाओं द्वारा संचालित पिंक मतदान केन्द्र प्रत्येक विधानसभा में बनाने का प्रयास किया जा रहा है। इस निर्वाचन में बेलेट यूनिट में अभ्यर्थियों के फोटोग्राफ भी रहेंगे।

    उन्होंने बताया कि मतदान केन्द्रों के 100 मीटर दायरे के बाहर उम्मीदवारों द्वारा बनाए जाने वाले कियोस्क का व्यय भी उम्मीदवार के खाते में जोडा जाएगा। जैसा कि आयोग द्वारा प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए 28 लाख की व्यय सीमा निर्धारित की गयी है। उम्मीदवार द्वारा नामांकन पत्र के साथ अपने नवीन बैंक खाते की जानकारी देना भी अनिवार्य रहेगा। उम्मीदवार द्वारा उसी खाते से व्यय किया जाएगा। नामांकन पत्र कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय में ही भरे जाएंगे। अभ्यर्थियों को नामांकन पत्र में अपने वाट्सएप नम्बर एवं सोशल मीडिया एकाउंट की जानकारी भी देनी होगी। अभ्यर्थियों की सुविधा के लिए ’’सुविधा एप’’ तैयार किया गया है। अभ्यर्थी को अपने प्रचार प्रसार के लिए ली जाने वाली विभिन्न तरह की अनुमति इसी एप के माध्यम से लेनी होगी। अभ्यर्थी केवल ऑनलाईन आवेदन करेगा शेष सभी प्रक्रियाएं जिला निर्वाचन कार्यालय द्वारा की जाएंगी। इससे अभ्यर्थी अपने पूरे समय का उपयोग प्रचार-प्रसार के लिए कर सकेंगे।

    उन्होंने कहा कि इसके लिए सभी राजनैतिक दल एक-एक व्यक्ति का चिन्हांकन कर लें। इन्हें सुविधा एप के संबंध में प्रशिक्षण दिलाया जाएगा ताकि ऑनलाईन आवेदन करने में किसी तरह की असुविधा न हो। उन्होंने कहा कि आदर्श आचार संहिता के साथ-साथ जिले में धारा 144 लागू है। इसका विशेष ध्यान रखते हुए प्रचार-प्रसार के पूर्व विधिवत एवं नियमानुसार अनुमति प्राप्त करें। धर्म एवं जाति के नाम पर वोट न मांगे जाएं। धार्मिक संस्थानों का प्रयोग चुनावी प्रचार के लिए कतई न किया जाए। नामांकन के दौरान भी 5 से अधिक व्यक्तियों को एक साथ प्रवेश नही दिया जाएगा। रैलियों का आयोजन करते समय आमजनता की सुविधा का ध्यान रखा जाए। आवश्यक हो तो रैली को टुकडों में निकाला जाए। इसी तरह गाडियों के काफिले को भी तोड़कर निकाला जाए। यदि कोई भी अभ्यर्थी प्रचार सामग्री जैसे पोस्टर, बैनर, पम्पलेट आदि छपवाते हैं तो लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 के तहत उसमें प्रिंटिंग लाइन होना अनिवार्य है। प्रिंटिंग लाइन में मुद्रक, प्रकाशक का नाम एवं पता, प्रकाशनों की संख्या स्पष्ट रूप से अंकित होनी चाहिए। प्रकाशन की दो प्रतियां मुद्रक को जिला निर्वाचन अधिकारी कार्यालय/रिटर्निंग आफिसर को देना अनिवार्य है।

    उन्होंने कहा कि सम्पत्ति विरूपण निवारण अधिनियम के तहत शासकीय एवं सार्वजनिक सम्पत्ति पर किसी भी तरह की प्रचार सामग्री लगाना अथवा लेखन करना दण्डनीय है। इसी तरह निजी सम्पत्ति पर भी भवन स्वामी की लिखित अनुमति के बाद भी यह किया जा सकता है। सार्वजनिक सम्पत्ति में केवल निर्धारित स्थलों पर ही पोस्टर, बैनर लगवाए जा सकते हैं। उन्होंने अभ्यर्थियों को निर्वाचक अभिकर्ता नियुक्त करने की सलाह दी और कहा कि यह सुविधाजनक रहेगा। उन्होंने राजनैतिक दलों के प्रतिनिधियों से अपने समस्त कार्यकर्ताओं तक यह सभी संदेश एवं दिशानिर्देश अनिवार्य रूप से पहुंचाने की अपील की। ताकि अतिउत्साह में आकर किसी भी तरह के नियम विसंगत कार्य न हो। आदर्श आचरण संहिता का पूरी तरह पालन किया जाए। सी-विजिल एप के माध्यम से कोई भी आम नागरिक आचार संहिता के उल्लंघन की शिकायत कर सकता है जिसका निराकरण 100 मिनट के अन्दर किया जाना है। साथ ही उन्होंने कहा कि आयोग से नवीन दिशानिर्देश प्राप्त होने पर समय समय पर अवगत कराया जाएगा। इस दौरान बैठक में अपर कलेक्टर श्री जे.पी. धुर्वे, एसडीएम पन्ना श्री बी.बी. पाण्डेय एवं मान्यता प्राप्त राजनैतिक दलों के प्रतिनिधि मौजूद रहे।
(281 days ago)
डाउनलोड करे क्रुतीदेव फोन्ट में.
डाउनलोड करे चाणक्य फोन्ट में.
पाठकों की पसंद

संग्रह
जूनजुलाई 2019अगस्त
सोम.मंगल.बुध.गुरु.शुक्र.शनि.रवि.
24252627282930
1234567
891011121314
15161718192021
22232425262728
2930311234

© 2012 सर्वाधिकार सुरक्षित जनसम्पर्क विभाग भोपाल, मध्यप्रदेश             Best viewed in IE 7.0 and above with monitor resolution 1024x768.
Onder's Computer