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कृषि वैज्ञानिक परामर्शदात्री समिति की बैठक सम्पन्न
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सीधी | 20-नवम्बर-2020
 
     कृषि विज्ञान केन्द्र, सीधी द्वारा आयोजित वैज्ञानिक परामर्शदात्री समिति की 21वी बैठक दिनांक 20.11.2020 दिन शुक्रवार को हुई। कार्यक्रम कृषि कृषि विज्ञान केन्द्र, सीधी के वरिष्ठ वैज्ञानिक, महेन्द्र सिंह बघेल की अध्यक्षता में सम्पन्न हुआ जिसके मुख्य अतिथि जवाहरलाल नेहरू कृषि विश्व विद्यालय, जबलपुर के संयुक्त संचालक, विस्तार सेवायें डॉ. दिनकर प्रसाद शर्मा एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में डॉ. अखिलेश कुमार पटेल, वैज्ञानिक कृषि विज्ञान केन्द्र, रीवा थे। डॉ. दिनकर प्रसाद शर्मा के द्वारा बताया गया कि आज के समय में मृदा का स्वास्थ्य रासायनिक दवाओ एवं उर्वरको के अत्यधिक प्रयोग से खराब हो रही है। ऐसे में किसान भाईयो को मृदा के स्वास्थ्य का ध्यान रखने के लिये जैविक उर्वरको जैसे- राइजोबियम, एजोटोवैक्टर, एजोस्पाइरलम, पी.एस.बी., के.एस.बी. इत्यादि जैव उर्वरको का प्रयोग किया जा सकता है। इसी प्रकार फसलो में कीट प्रबंधन हेतु किसान भाईयों को ऐसे वनस्पति जिनका सेवन पशुओ के द्वारा नहीं किया जाता है जैसे बेसरम, धतूरा, सीताफल इत्यादि का घोल बनाकर खेतो में छिडकाव करने से कीटो का नियंत्रण किया जा सकता है।
      किसान भाईयो को अपने खेत में नरवई जलाना नहीं चाहिये यानि खेत में किसी भी प्रकार का आग नहीं लगाना चाहिये यदि खेत में फसलो या खरपतवारो अवशेष हो या घर के पास हो तो उसमें भी आग नहीं लगाना चाहिये बल्कि उसको वायोडाइजेस्टर के माध्यम से सड़ाकर जैविक  खाद के रूप में खेत में प्रयोग किया जाना चाहिये। वर्षा समय से देर से होने की स्थिति में किसान भाईयो को खरीफ के मौसम में उड़द, मूँग, तिल एवं कम अवधि के धान की किस्में जैसे- एम.टी.यू.1010, जे.आर. 81 एवं जे.आर. 201 की खेती करना उचित एवं लाभप्रद होगा। उड़द-मूॅग की फसलो में पीला मोजैक रोग के प्रबंधन हेतु प्रतिरोधी किस्मो को लगाना चाहिये तथा नियंत्रण हेतु रासायनिक  दवाओ का हेर-फेर करके प्रयोग करना चाहिये साथ ही जिले में अदरक, मिर्च, नीबू तथा पपीता के खेती को बढावा देने हेतु वैज्ञानिक तकनीकी का प्रचार प्रसार करना आवश्यक है। केन्द्र के प्रमुख महेन्द्र सिंह बघेल द्वारा कार्यक्रम के आगंतुको का स्वागत किया गया एवं जिले के कृषि स्थिति से अवगत कराया गया। कार्यक्रम के तकनीकी सत्र में सस्य वैज्ञानिक डॉ. धनंजय सिंह द्वारा रबी 2019-20 की प्रगति एवं रबी 2020-2021 की कार्ययोजना प्रजेन्टेशन के माध्यम से प्रस्तुतीकरण कियाा गया। कार्यक्रम का संचालन केन्द्र की कार्यक्रम सहायक अमृता तिवारी द्वारा किया गया। कार्यक्रम के अंत में डॉ. अलका सिंह, गृह वैज्ञानिक के द्वारा आये हुये अतिथि गण, विभिन्न विभागो के अधिकारी एवं किसान भाईयों का आभार प्रदर्षन किया गया। कार्यक्रम में जिले के कृषि से संबंधित विभिन्न विभागो के अधिकारी एवं जिले के प्रगतिशील किसान भाई एवं बहन उपस्थित रहे।
 
(63 days ago)
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