समाचार
|| पंख कार्यक्रम से जुड़ी भोपाल की बेटियां || मिंटो हॉल में राष्ट्रीय मतदाता दिवस -अधिकारियों को दी गई जिम्मेदारी || लोक सेवा एवं सुशासन में उत्कृष्ट कार्य करने वालों का होगा 25 को सम्मान || जिला जल एवं स्वच्छता समिति की बैठक आज || आज राष्ट्रीय मतदाता दिवस की शपथ दिलाई जाएगी || गणतंत्र दिवस समारोह - पूरे हर्षोल्लास और गरिमामय वातावरण में मनाया जायेगा || डायवर्सन राशि नही देने पर हवेली विल्डर्स के 2 फ्लैट नीलाम कर वसूली || बेटियों की सुरक्षा, जागरूकता, पोषण, ज्ञान और स्वास्थ्य का अनूठा अभियान है पंख || राष्ट्रीय बालिका दिवस पर पंख अभियान का शुभारम्भ || संभाग आयुक्त श्री यादव तथा आईजी श्री गुप्ता ने मुख्‍यमंत्री श्री चौहान के 27 जनवरी के प्रस्‍तावित कार्यक्रम की तैयारियों का लिया जायजा
अन्य ख़बरें
फसल उत्पादकता वृद्धि के लिये कीट और बीमारियों पर नियंत्रण जरूरी : मंत्री श्री पटेल
राष्ट्रीय वेबिनार में अनुभव किये साझा
निवाड़ी | 02-दिसम्बर-2020
   किसान कल्याण तथा कृषि विकास मंत्री श्री कमल पटेल ने कहा कि फसलों के उत्पादन को निरंतर बढ़ाये रखने के लिये विभिन्न कीटों और फसल संबंधी बीमारियों पर नियंत्रण रखना अत्यावश्यक है। एकीकृत कीट प्रबंधन और एकीकृत पोषक तत्व प्रबंधन के द्वारा एग्रो केमिकल्स का विवेकपूर्ण उपयोग कर हम न केवल उत्पादन को बढ़ा सकते हैं बल्कि पर्यावरण को भी प्रतिकूल प्रभाव से बचा सकते हैं। मंत्री श्री पटेल संयुक्त राष्ट्र के खाद्य और कृषि संगठन द्वारा परिकल्पित वर्ष 2020 को अंतर्राष्ट्रीय फसल स्वास्थ्य वर्ष (International year of plant health) के उत्सव पर आयोजित राष्ट्रीय वेबिनार में ”फसल स्वास्थ्य प्रबंधन-एक भारतीय कहानी” के विमोचन अवसर पर मंगलवार को हरदा के बारंगा से ऑनलाइन संबोधित कर रहे थे। पुस्तक का विमोचन केन्द्रीय मंत्री श्री नितिन गढ़करी ने किया।
      मंत्री श्री पटेल ने कहा कि स्वस्थ फसलें हानिकारक एग्रो केमिकल्स के बगैर कीटों और रोगों से सुरक्षित रहती हैं। विभिन्न प्रकार के जैव रासायनिक पदार्थों और अन्य एग्रो केमिकल्स के सुसंगत तरीके से एकीकृत उपयोग से फसलों की उत्पादकता को बढ़ाया जाता है। बेहतर कृषि पद्धतियों की भी महत्वपूर्ण भूमिका होती है। प्रदेश में कृषि विज्ञान केन्द्रों के वैज्ञानिकों के सतत मार्गदर्शन में प्रदेश के उन्नत किसान कृषि उत्पादन का कार्य कर रहे हैं। छोटे किसान भी कृषि वैज्ञानिकों और कृषि विभाग के साथ मिलकर निरंतर कार्य कर रहे हैं। इसी का परिणाम है कि मध्यप्रदेश ने कृषि क्षेत्र में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। मध्यप्रदेश ने 2013 में पहली बार ‘कृषि कर्मण पुरस्कार‘ प्राप्त किया। यह क्रम निरंतर जारी है। गेहूँ उत्पादन की श्रेणी में मध्यप्रदेश लगातार पांच बार ‘कृषि कर्मण अवार्ड‘ हासिल कर चुका है।
      मंत्री श्री पटेल ने कहा कि मध्यप्रदेश आज दलहन के साथ तिलहन में भी सबसे बड़ा उत्पादक राज्य है। इस वर्ष गेहूँ उर्पाजन में प्रदेश ने नया कीर्तिमान स्थापित करते हुए पंजाब को पीछे छोड़ा और मध्यप्रदेश देश का नया खाद्य उत्पादन केन्द्र बन गया है। मंत्री श्री पटेल ने ”फसल स्वास्थ्य प्रबंधन-एक भारतीय कहानी” के लेखकों  डॉ. सी.डी. मायी और उनके सहयोगी श्री गोविंद गुर्जर, सुश्री यशिका कपूर और श्री भागीरथ चौधरी को बधाई और शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि निश्चित ही यह पुस्तक किसानों को उत्पादन बढ़ाने में सहायक सिद्ध होगी। वेबिनार में शामिल कृषि विशेषज्ञों ने अपने विचार रखे।
(53 days ago)
डाउनलोड करे क्रुतीदेव फोन्ट में.
डाउनलोड करे चाणक्य फोन्ट में.
पाठकों की पसंद

संग्रह
दिसम्बरजनवरी 2021फरवरी
सोम.मंगल.बुध.गुरु.शुक्र.शनि.रवि.
28293031123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031
1234567

© 2012 सर्वाधिकार सुरक्षित जनसम्पर्क विभाग भोपाल, मध्यप्रदेश             Best viewed in IE 7.0 and above with monitor resolution 1024x768.
Onder's Computer