समाचार
|| शांति और सौहार्द के बीच हुआ रावण दहन || सोलर पावर प्लांट लगाने के लिए 31 तक आवेदन || अल्पविराम कार्यक्रम आज से होगा प्रारंभ || प्रमाणित बीज की दरें निर्धारित || कोविड-19 वैक्सीन आने के पूर्व की तैयारी जारी || सीजनल इन्फ्लूएन्जा (एच-1 एन-1) के उपचार एवं रोकथाम के निर्देश जारी || विस्फोटक सामग्री संबंधी सेवाएँ ऑनलाइन प्रदान करने नवीन व्यवस्था प्रारंभ || पीसी पी एन डी टी के अंतर्गत जांच केन्द्रों की अनुमति की सीमा निर्धारित स्वास्थ विभाग की सेवाएं लोक सेवा गारंटी अधिनियम के अन्तर्गत लाई गई || सरदार पटेल जयंती - 31 अक्टूबर को राष्ट्रीय एकता दिवस || जिले में अभी तक कोरोना के 1722 पॉजीटिव मरीज मिले
अन्य ख़बरें
लोकतंत्र के इतिहास में पहली बार होगी मतदाता की पहचान बुथ ऐप के माध्यम से
-
मन्दसौर | 17-अक्तूबर-2020
 
    टेक्नोलॉजी के इस युग में हर स्तर पर नवाचार किया जा रहा है। भारत निर्वाचन आयोग ने भी इस बार यह निर्णय लिया है की प्रत्येक मतदान केंद्र पर मतदाता की पहचान तथा उसकी उपस्थिति मतदान अधिकारी द्वारा मोबाइल से बुथ ऐप के द्वारा लगाई जाएगी। निर्वाचन आयोग के निर्देश अनुसार प्रत्येक मतदाता को बीएलओ द्वारा घर-घर जाकर मतदाता पर्ची दी जाएगी। इस मतदाता पर्ची पर क्यूआर कोड मुद्रित रहेगा। जब मतदाता इसे लेकर मतदान केंद्र पर पहुंचेगा तब वहां उपस्थित मतदान अधिकारी मोबाइल ऐप से क्यूआर कोड को स्कैन करेंगे और मतदाता का नाम, आयु ,फोटो, मतदाता सूची का क्रमांक, एपिक नंबर आदि को देखकर चिन्हित मतदाता सूची में मिलान करके वोट डालने की अनुमति देगा। आयोग की इस व्यवस्था से अब मतदाता को मतदान केंद्र पर वोट डालने में कम समय लगेगा, एक मतदाता दो बार वोट नहीं डाल सकेगा, फर्जी मतदान नहीं होगा, इस ऐप के उपयोग से आयोग को प्रत्येक मतदान केंद्र की पल-पल की रिपोर्ट प्राप्त होगी। यदि किसी मतदाता की पर्ची जो बीएलओ ने दी है वो अगर खो जाती है तो उसके लिए आयोग ने यह व्यवस्था दी है, कि मतदान अधिकारी एपिक नंबर, नाम ,सरल क्रमांक से भी मतदाता की उपस्थिति को ऐप के माध्यम से लगा सकेगा। यह ऐप मतदान अधिकारी के मोबाइल पर चलेगा जिसे निर्वाचन अधिकारी ने पंजीकृत किया है। अब किसी भी मतदान केंद्र की जानकारी को सत्य रूप से आयोग देख सकेगा तथा जानकारियों में त्रुटियां भी नहीं होगी क्योंकि मतदान अधिकारी जानकारियों का मिलान ऐप से कर सकेगा। मतदान अधिकारियों को मोबाइल ऐप चलाने के लिए प्रशिक्षण दिया जाएगा और उनकी सभी शंकाओं का समाधान भी किया जाएगा। इसके लिए यह आवश्यक है कि मतदान अधिकारी के पास एंड्रॉयड फोन होना चाहिए। यह लेख मास्टर ट्रेनर श्री अशोक कुमार रावत द्वारा लिखा गया है।
 
(8 days ago)
डाउनलोड करे क्रुतीदेव फोन्ट में.
डाउनलोड करे चाणक्य फोन्ट में.
पाठकों की पसंद

संग्रह
सितम्बरअक्तूबर 2020नवम्बर
सोम.मंगल.बुध.गुरु.शुक्र.शनि.रवि.
2829301234
567891011
12131415161718
19202122232425
2627282930311
2345678

© 2012 सर्वाधिकार सुरक्षित जनसम्पर्क विभाग भोपाल, मध्यप्रदेश             Best viewed in IE 7.0 and above with monitor resolution 1024x768.
Onder's Computer